रिपोर्ट :- अजय रावत
गाजियाबाद :-
भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा की राष्ट्रीय कार्यसमिति के सदस्य व सांसद प्रतिनिधि अशोक संत ने एक बयान जारी करते हुए कहा कि थाना इन्द्रापुरम के सेक्टर - 17, वसुन्धरा में प्रकाश व उनकी पत्नि श्रीमती मंजू के साथ घटित घटना अति अशोभनीय है़ आज के आधुनिक युग में भी जातिवादी सोच के लोग शहरो में भी जातिसूचक शब्दों से किसी भी परिवार का उत्पीड़न करेंगें शर्मसार करता है़
इस घटना में एक परिवार को पुरी कालोनी के लोगों द्बारा आतंकित करना यह दर्शाता है़ कानून का भय दूषित मानसिकता के लोगों में बिल्कुल नहीं वरना पॉश इलाके में ऐसी घटना घटित नहीं होती ऐसा प्रतीत होता यह हमला प्री प्लान था और जानपूछ कर किया गया है़ इस हमले को हवा पुलिस चौकी प्रहलाद गढ़ी पर तैनात पुलिस कर्मियो द्बारा भी दी गयी है़ वरना पीड़ित पक्ष को कब का न्याय मिल गया होता चौकी और थाने के अंदर पीड़ित पक्ष पर उल्टा दबाव बनाकर धमकाया गया जिससे अनुसूचित जाति एक्ट को प्रभावित किया जा सके
इस पूरे प्रकरण में पुलिस सन्धेय में है़ जो निंदनीय है़ चौकी के दोनो सब इंस्पेक्टर व पुलिस कर्मियो को निलंबित किया जाना चाहिए जो आम जनता को आये दिन प्रताड़ित करके इलाके में आमजनों को भय दिखाकर झूठे मुकदमों में फंसाकर डर पैदा करते है़ यही वजह है़ पुलिस चौकी के निकट बिल्डिग 17/बी, वसुन्धरा में यह घटना घटित हुईं और पुलिस ने इसको घटना को हल्का करने में लग गयी !
भाजपा नेता अशोक संत ने मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी जी द्बारा सख्ती के बावज़ूद पुलिस का रवैया बदल नहीं रहा मैं मुख्यमंत्री व प्रदेश के आला अधिकारियो से मांग करता हूं इस घटना में शामिल पुलिसकर्मियो पर तुरंत कार्यवाही नहीं हुईं तो इलाके में अमन चेन की कल्पना नहीं की जा सकती इसलिए पीड़ित पक्ष को न्याय मिलना वक्त का तकाजा है़ कुछ लोगों द्वारा इस घटना को जातीय रंग देने की भी कोशिश की जा रही है़ जिससे इलाके में तनाव पैदा हो रहा है़ कोई अप्रिय घटना इलाके में घटित होने की व्यापक कोशिश की जा रही है़ उसको शांति व भाईचारे में बहाल करना प्रशासन की प्राथमिकता में होना चाहिए
वरिष्ट पुलिस अधीक्षक व आला अधिकारी शान्ति बहाली के लिये सभी पक्षो को बुलाकर एक बैठक बुलाए व तनावपूर्ण इस्तीथी पर विराम लगाए !