रिपोर्ट :- नासिर खान


लखनऊ :- अपने कार्यकाल के 4 साल पूरे करने के मौके पर उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार 19 मार्च को उपलब्धियों का रिपोर्ट कार्ड जनता के समक्ष प्रस्तुत करेगी, हालांकि राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले सरकार को कठिन चुनौतियों से पार पाना होगा। सरकार की उपलब्धियों का बखान करने के लिए सूचना एवं जनसंपर्क विभाग ने 64 पेज की एक बुकलेट तैयार की है जिसका शीर्षक है ‘चुनौतियों में तलाशे अवसर'। इस किताब के जरिए बताने की कोशिश की गई है कि कोरोना के कठिन समय में सरकार ने किस प्रकार चुनौतियों का अवसर में तब्दील किया जिसके चलते यूपी की विकास यात्रा निर्विघ्न जारी है।


गोरक्षपीठाधीश्वर महंत योगी आदित्यनाथ ने 19 मार्च 2017 को उत्तर प्रदेश के 21वें मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ ग्रहण ली थी। इससे पहले कल्याण सिंह, रामप्रकाश गुप्ता और राजनाथ सिंह यहां भाजपा सरकारों का नेतृत्व कर चुके हैं हालांकि इनमें से कोई भी सीएम 3 साल से अधिक समय तक कुर्सी पर नहीं बैठा है।  योगी सबसे लंबे समय तक मुख्यमंत्री के पद पर काबिज रहे है और उनका 5 वर्ष का कार्यकाल अगले साल समाप्त होगा। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि 64 पन्नो की बुकलेट में 5.5 लाख करोड़ रूपए का पहला पेपरलेस बजट समेत कई उपलब्धियों का जिक्र किया गया है। आर्थिक उपलब्धियों का जिक्र करते हुए किताब में कहा गया है कि योगी सरकार के कार्यकाल में उत्तर प्रदेश पर लगा बीमारू राज्य का ठप्पा हटा और पिछले 4 सालों के अंतराल में जीएसडीपी 10.9 लाख करोड़ से बढ़कर 21.73 लाख करोड़ रूपए पर पहुंच गई।

उन्होंने बताया कि इस दौरान बेरोजागारी दर 17.5 फीसदी से घट कर 4.1 प्रतिशत पर आ गई। कानून व्यवस्था के मोर्चे पर सरकार को आशातीत सफलता मिली है जब बलात्कार के मामलों में 45 फीसद, हत्या के मामलों में 19.8 प्रतिशत, डकैती के मामलों में 65.72 प्रतिशत और हिंसा के मामलों में 40.2 प्रतिशत की कमी आई है। यह सब सरकार की जीरो टालरेंस नीति का परिणाम है। सरकार ने इसी मकसद के साथ माफिया सरगनाओं की करीब एक हजार रूपए की चल अचल संपत्ति या तो जब्त की या फिर उसको नेस्तानाबूद किया। सूत्रों ने बताया कि इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्र में मेट्रो रेल परियोजना पर पहले से ही काम चल रहा है। मेरठ को जल्द ही मेट्रो रेल का तोहफा मिलने की उम्मीद है वहीं गोरखपुर, वाराणसी, प्रयागराज और झांसी में लाइट मेट्रो का लांच किया जाएगा। पूर्वांचल एक्सप्रेस का उदघाटन जून में प्रस्तावित है जबकि बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे का निर्माण साल के अंत तक शुरू होने की उम्मीद है।

इस बुकलेट को राज्य की सभी ग्राम सभाओं में वितरित किया जाएगा। भाजपा कार्यकर्ता इन किताबों को जनता के लिए ले जाएंगे और सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों और उपलब्धियों की जानकारी लोगों को देंगे। इस मौके पर 19 मार्च से एक सप्ताह का विशेष अभियान शुरू किया जाएगा जिसमें पार्टी कार्यकर्ता और नेता बैठक आयोजित कर आम लोगों से संवाद करेंगे और उन्हें सरकार की योजनाओं की जानकारी देंगे।
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